April 24, 2026

आलेख

28 अगस्त जन्मदिन पर : छत्तीसगढ़ के अनोखे बलिदानी गांधीवादी अनंतराम बर्छिहा

डा. परदेशीराम वर्मा महात्मा गांधी के संदेश को देश और दुनिया में सुनागया । उनका अंदाज ही ऐसा था कि...

सूखती संवेदनाओं की दास्तां – “इमोजी”

वीरेन्द्र ' सरल ' आधुनिक हिंदी साहित्य में डॉ शैल चंद्रा एक सुपरिचित और प्रतिष्ठित नाम है। आये दिन प्रतिष्ठित...

अध्यात्मिक शक्ति के अक्षय पुंज : स्वामी आत्मानंद

'हमर स्वामी आत्मानंद' श्री चोवाराम वर्मा 'बादल' के लिखे छत्तीसगढ़ी के पहिली चम्पू काव्य आय। जउन म कृतिकार स्वामी आत्मानंद...

आलोचक का स्वदेश : नंददुलारे वाजपेयी की जीवनी

हिंदी आलोचना में आचार्य नंददुलारे वाजपेयी ( 1906-1967)का स्थान आचार्य रामचन्द्र के बाद की पीढ़ी में आता है। वे काशी...

व्योमकेश दरवेश: आचार्य हजारीप्रसाद द्विवेदी का पुण्य स्मरण

हजारी प्रसाद द्विवेदी जी जितने लोकप्रिय उपन्यासकार हैं, उतने ही लोकप्रिय निबंधकार और आलोचक।आचार्य रामचंद्र शुक्ल के बाद के आलोचकों...

अपनी धरती अपने लोग: एक जुझारू आलोचक की आत्मकथा

डॉ रामविलास शर्मा हिंदी के श्रेष्ठ आलोचकों में हैं। उनके लेखन की विविधता और विपुलता को देखकर सहसा विश्वास नहीं...

तुपकी की सलामी का लोकपर्व : बस्तर का गोंचा

स्मृति की रेखाएं ~~~~~~~~ ●बस्तर:गोंचा तिहार रथयात्रा की बात करते ही जगन्नाथपुरी की बात जेहन में आ जाती है लेकिन...