July 22, 2026

आलेख

संस्कृत कभी कंप्यूटर भाषा क्यों नहीं बन सकती……

यह दावा हर कुछ सालों में फिर से सामने आता है। कहा जाता है कि संस्कृत का व्याकरण इतना सटीक...

क्लासिकल अंदाज़ की कहन में जीवन के विभिन्न रूप

चंद क़तरे ओस के अम्बिकापुर (छ.ग.) के ग़ज़लकार देववंश दुबे का ग़ज़ल संग्रह है। देववंश दुबे अपनी ग़ज़लों से ग़ज़ल...

पाठ – तेईस “ सिरजनहार “ संस्मरण “

ऋषि गजपाल लेखक - विनोद साव सर्वप्रिय प्रकाशन , २०२३ ( प्रथम संस्करण ) ---------------------------------------- छत्तीसगढ़ की धरती के अमर...

समावेशी विकास के लिए प्रतिबद्ध जनसेवक : अजय चंद्राकर

डॉ. सुधीर शर्मा* लोकतंत्र में जनप्रतिनिधि की सफलता केवल चुनावी जीत से नहीं मापी जाती, बल्कि इस बात से आंकी...

आम जनता के कवि थे स्वर्गीय मधु धांधी

(आलेख - स्वराज करुण ) छत्तीसगढ़ के सुमधुर गीतकार स्वर्गीय मधु धांधी का आज 21 जून को जन्म दिन है।...

एससीईआरटी छत्तीसगढ़ द्वारा आयोजित बौद्धिक कार्यक्रम

‎“भारतीय ज्ञान परंपरा एवं मेरा लेखन” ‎विषय पर विशेष व्याख्यान एवं चर्चा ‎रायपुर, — राज्य शैक्षिक अनुसंधान एवं प्रशिक्षण परिषद्...

लाजवाब कृति – गांव के हो गए (हिंदकी संग्रह)

डॉ माणिक विश्वकर्मा "नवरंग" जी की कृति "गाँव के हो गए" पढ़ने को मिला। पढ़कर मैं पूर्णतः "नवरंग" जी का...

एस. सी. ई. आर. टी. रायपुर छत्तीसगढ में साहित्य का महाकुम्भ

साहित्य, चिंतन और सृजन का संगम :पचहत्तर के बलराम *************** " भारतीय ज्ञान परंपरा और मेरा लेखन "को समर्पित कार्यक्रम...

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