April 24, 2026

आलेख

ठठेरी गली में भारतेन्दु को याद करते हुए

बनारस में दो रातें बीत चुकी थीं फिर भी बेचैनी भीतर थी. घाटों में पैदल से लेकर नाव तक मस्ती...

अगरिया :लौहकर्म के आदिम असुर जनजाति

वेरियर एल्विन भारतीय मानवशास्त्र में एक चर्चित नाम हैं। उनका अध्ययन क्षेत्र मुख्यतः मध्य भारत के जनजातीय क्षेत्र रहा है।...

क्रिसमिस पर्व विशेष लेख : छत्तीसगढ़ का महागिरजाघर कुनकुरी

प्रभु ईसा मसीह के जन्मदिवस का महापर्व क्रिसमस कटु अनुभव, दुर्व्यवहार को भूलाकर क्षमा करने की सामाजिक समरसता बढ़ाने की...

ठहाकों के शहंशाह- “स्मृति शेष संत, कवि पवन दीवान”

वीरेन्द्र ' सरल ' ठहाकों के शहंशाह लेख का यह शीर्षक पढ़ने से शायद आपको यह लगे कि किसी कॉमेडी...

पुण्यतिथि पर विशेष : प्रभात की पहली किरण से..प्रभाष जी

प्रभाष जोशी जी आज होते तो 85 वें वर्ष में प्रवेश कर रहे होते। 11 बरस हो गए आज ही...

शालवनों का द्वीप : बस्तर की एक और छवि

बस्तर अपने दुर्गम भौगोलिक स्थिति और आदिम जनजातीय संस्कृति के कारण बीसवीं शताब्दी के पूर्वार्ध में मानवशास्त्रियों के आकर्षण और...