October 22, 2026

साहित्य

मुझे राजीव लौटा दीजिए मैं लौट जाऊंगी,

नहीं लौटा सकते तो उनके पास यहीं मिट्टी में मिल जाने दीजिए। आपने देखा है न उन्हें। चौड़ा माथा, गहरी...

देवउठान : ‘उठो नारायण, बैठो नारायण’

शरद ऋतु न जाने कितने की लोकपर्वों की खान है, पहले उत्सव का उल्लास बीतता नहीं कि दूसरा उत्सव अपने...

हिरासत में हिंसा का सत्य : जय भीम

हिंदी फिल्म उद्योग ने लंबे समय से ‘सिंघम’ और ‘दबंग’ जैसी फिल्मों के माध्यम से पुलिस की अनियंत्रित शक्ति के...

विनोद कुमार शुक्ल को 2020 के ‘जनकवि नागार्जुन स्मृति सम्मान’ से सम्मानित किया गया

जनकवि नागार्जुन स्मारक निधि, नई दिल्ली के निर्णायक मण्डल की ओर से वर्ष 2020 का 'जनकवि नागार्जुन स्मृति सम्मान' प्रख्यात...

जसिंता केरकेट्टा की एक जबरदस्त कविता : जो तुम्हारा है वह स्टेशन पर खड़ा है

मैं हमेशा सफ़र पर होती और वह हमेशा स्टेशन पर आधी रात, भोर या दिन-दोपहर हर बार वह मिलता मुझे...

साहित्य वाचस्पति पं.लोचनप्रसाद पांडेय जी की पुण्यतिथि पर विशेष आलेख

डाँ. बलदेव पंडित लोचनप्रसाद पाण्डेय के दर्शन लाभ से मैं वंचित रहा । जब मैं साहित्य का ककहरा सीख रहा...

You may have missed