March 7, 2026

कविता

चलती थमती, साँसों की तरतीब में नहीं

चलती थमती, साँसों की तरतीब में नहीं आत्मा में निरन्तर बजते संगीत की अनगढ़ लय में लौटना । किस विधि...

अजय शर्मा ‘दुर्ज्ञेय’ की 5 कविताएं

1)थोपा गया हिंदुत्व! _______________________ वे समीप आते हैं और समीप आकर इस उम्मीद के साथ उद्घोष करते हैं कि मैं...