April 24, 2026

साहित्य

“छत्तीसगढ़ के सुप्रसिद्ध कवि, गीतकार, गजलकार श्री मुकुंद कौशल को स्मरणांजलि”

दुर्ग जिला हिन्दी साहित्य समिति, वीणापाणि साहित्य समिति,हल्क़-ए-अदब और ज्येष्ठ नागरिक संघ के संयुक्त तत्वाधान में 18 जुलाई को आशीर्वाद...

राजेन्द्र राजन के दो गीत

2) केवल दो गीत लिखे मैंने। इक गीत तुम्हारे मिलने का इक गीत तुम्हारे खोने का। सड़कों-सड़कों, शहरों-शहरों नदियों-नदियों, लहरों-लहरों...

फ़िल्म ‘मंथन’ : श्याम बेनेगल (1976)

सहकारिता समाजवाद का गोमुख है। एक समतावादी समाज का निर्माण उसके सदस्यों के पारस्परिक सहयोग और भाईचारा से ही सम्भव...

स्त्री देह ही उसकी यातना की जमीन है

स्त्री देह ही उसकी यातना की जमीन है "देह ही देश" गरिमा श्रीवास्तव की क्रोएशिया प्रवास डायरी को पढ़ना अपने आप...