April 23, 2026

कविता

दृश्य बदल जाता है

मैं चारों तरफ फैलेपरमात्मा केनैसर्गिक सौंदर्य मेंबंधकर रह गई हूं देखती हूँमूसलाधार बारिश मेंझूम झूम कर नहाते पेड़दूर नदी की...

बाल गीत ~ चंदा मामा

सूरज दादा जल्दी जाओचंदा मामा झटपट आओ।।… लगे चाँदनी राज दुलारे।चाँद सितारे प्यारे-प्यारे।।नील गगन तब दिखते न्यारे।।संग हमारे नाचो गाओ।चंदा...

प्रभाती मिंज की दो कविताएं

तुमसे कहना है कहना है मुझे तुमसेवो अविस्मरणीय मीठी बात।झिलमिल चाँदनी कीवो मुलाकात सारी याद।। हरी-भरी पगडण्डियों मेंहमारा इठलाते गुजरना।चाँद-सितारे...