March 7, 2026

आलेख

एक एक वाक्य की कविताएं उर्फ सूत्र काव्य

-ब्रज श्रीवास्तव "अच्छे लोग किसी के लिए बुरा सोचते सोचते भी अच्छा सोचने लगते हैं lआप आप चाहे मुट्ठी बांधिए...

चंदैनी गोंदा के कलाकार श्री विजय दिल्लीवार “वर्तमान” की कलम से – जनकवि लक्ष्मण मस्तुरिया

आज 3 नवंबर है ।सन 2018 को आज ही के दिन छत्तीसगढ़ ने अपना अनमोल रतन खोया था । ऐसा...

भारत यायावर : अमर कृतित्व, यादगार व्यक्तित्व

अग्रज भारत यायावर की विनोदप्रियता और ठिठोली हिंदी साहित्य की निर्माता-पीढ़ी के महाकवि जयशंकर प्रसाद, महाप्राण निराला, मैथिली शरण गुप्त...

सोशल मीडिया में हिन्दी भाषा का बढ़ता प्रयोग डाँ. अंकिता नामदेव

किसी भी देश की पहचान वहाँ बोली जाने वाली भाषा से होती है भारतवर्ष की राजभाषा के साथ साथ देश...

नंदकिशोर तिवारी को सुंदर लाल शर्मा राज्य अलंकरण सम्मान

हिंदी और छत्तीसगढ़ी के समर्थ आलोचक, लोक साहित्य के मर्मज्ञ विद्वान नंदकिशोर तिवारी का जन्म बिलासपुर में 19 जून 1941...

चींटियों की वापसी : अस्मिता और शोषणतंत्र

युवा उपन्यासकार किशन लाल छत्तीसगढ़ के कथा जगत में एक उभरता हुआ नाम है।वे एक नए भावभूमि और दृष्टि के...

“चंदैनी गोंदा के संस्थापक दाऊ रामचंद्र देशमुख जी की 105 वीं जयन्ती सार्थक विचार गोष्ठी के रूप में मनायी गयी”

25 अक्टूबर 2021 को दाऊ रामचंद्र देशमुख जी की 105 वीं जयन्ती पर सेमिनार हॉल, मानव विज्ञान विभाग, पं. रविशंकर...

दिल में उम्मीद का दिया जलाए रखिए…

भारतीय संस्कृति अध्यात्म प्रधान संस्कृति है। भारत की मिट्टी के कण कण में उत्सवधर्मिता की प्रतिध्वनियां हैं, जिनसे राष्ट्रीय एकता,...